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Tilak Kathayein

1017 लेख
Solah Somvar Vrat Katha – सोलह सोमवार व्रत
शिव कथाएँ

Solah Somvar Vrat Katha – सोलह सोमवार व्रत

भगवान शिव को समर्पित यह व्रत विशेष रूप से विवाह, संतान सुख, मनोकामना पूर्ति और सौभाग्य के लिए किया जाता है। यह व्रत 16 लगातार सोमवार तक नियमपूर्वक किया जाता है…

28 Jul 2025167
Dashamata Vrat Katha – दशामाता व्रत
देवी की कथाएँ

Dashamata Vrat Katha – दशामाता व्रत

दशामाता व्रत (या दशा माता व्रत) मुख्यतः गुजरात, राजस्थान और मध्य भारत में महिलाओं द्वारा किया जाने वाला एक पवित्र व्रत है। यह व्रत परिवार की सुख-समृद्धि, दसों दिशाओं की…

27 Jul 2025466
नारदजीका वाल्मीकि मुनिको संक्षेपसे श्रीरामचरित्र सुनाना
वाल्मीकि रामायण

नारदजीका वाल्मीकि मुनिको संक्षेपसे श्रीरामचरित्र सुनाना

रामायण का आरंभ तपस्वी वाल्मीकि जी ने तपस्या और ध्यान में लीन होकर मुनिवर नारद जी से पूछा—॥ १ ॥ [मुने!] इस समय इस संसार में गुणवान्, वीर्यवान्, धर्म, उपकार…

22 Jun 2025185
Omkareshwar Jyotirlinga – ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग
मंदिर

Omkareshwar Jyotirlinga – ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग

परिचय (Introduction) ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग भारत के 12 प्रमुख ज्योतिर्लिंगों में से एक है, जो मध्यप्रदेश के खंडवा जिले में नर्मदा नदी के बीच एक द्वीप पर स्थित है। इस मंदिर…

14 Mar 2025356
Vaishno Devi Temple – वैष्णो देवी मंदिर
मंदिर

Vaishno Devi Temple – वैष्णो देवी मंदिर

वैष्णो देवी मंदिर भारत के प्रमुख तीर्थ स्थलों में से एक है, जो जम्मू और कश्मीर के त्रिकुटा पर्वत पर स्थित है। यह मंदिर माता वैष्णो देवी को समर्पित है और हर साल लाखों भक्तों को आकर्षित करता है। यह मंदिर अपनी अलौकिक शक्ति और प्राकृतिक सुंदरता के लिए जाना जाता है। यहाँ की यात्रा को एक आध्यात्मिक अनुभव माना जाता है, जहाँ भक्त माँ के दर्शन के लिए कठिन चढ़ाई करते हैं।

08 Mar 2025391
Lalita Devi Temple Prayagraj – ललिता देवी मंदिर प्रयागराज
मंदिर

Lalita Devi Temple Prayagraj – ललिता देवी मंदिर प्रयागराज

परिचय (Introduction) ललिता देवी मंदिर, प्रयागराज में स्थित एक प्रमुख धार्मिक स्थल है और 51 शक्ति पीठों में से एक माना जाता है। यह मंदिर माता सती के दाहिने हाथ…

26 Feb 2025461
भगवान नारायण के 108 नाम
शतनामावली

108 Names of Lord Narayana – भगवान नारायण के 108 नाम

भगवान नारायण के नामों का महत्व (Importance of Lord Narayan Names) भगवान नारायण, जिन्हें भगवान विष्णु के रूप में भी जाना जाता है, सृष्टि के पालनहार हैं। उनके 108 पवित्र

25 Feb 20251,379
Mallikarjuna Jyotirlinga – मल्लिकार्जुन ज्योतिर्लिंग
मंदिर

Mallikarjuna Jyotirlinga – मल्लिकार्जुन ज्योतिर्लिंग

श्री मल्लिकार्जुन ज्योतिर्लिंग भारत के 12 प्रमुख ज्योतिर्लिंगों में से एक है और इसे दक्षिण का काशी भी कहा जाता है। यह आंध्र प्रदेश के श्रीशैलम में स्थित है…

24 Feb 2025287
Chapter 18 : Moksha Sanyasa Yoga – अध्याय १८: मोक्षसंन्यासयोगः
भागवद गीता

Chapter 18 : Moksha Sanyasa Yoga – अध्याय १८: मोक्षसंन्यासयोगः

अर्जुन उवाच: सन्यासस्य महाबाहो तत्त्वमिच्छामि वेदितुम् । त्यागस्य च हृषीकेश पृथक्केशिनिषूदन ।। अर्जुन बोले- हे महाबाहो ! हे अन्तर्यामिन् ! हे वासुदेव ! मैं संन्यास और त्यागके तत्त्वको पृथक्- पृथक्…

22 Feb 2025193
Bhimashankar Jyotirlinga – भीमाशंकर ज्योतिर्लिंग
मंदिर

Bhimashankar Jyotirlinga – भीमाशंकर ज्योतिर्लिंग

परिचय – परिचय भीमाशंकर ज्योतिर्लिंग, महाराष्ट्र के पुणे जिले में स्थित, भारत के 12 पवित्र ज्योतिर्लिंगों में से एक है। यह मंदिर घने जंगलों और सह्याद्रि पर्वत श्रृंखला में स्थित है…

22 Feb 2025338
Chapter 17 : Shraddha Traya Vibhaga Yoga – अध्याय १७: श्रद्धात्रयविभागयोग
भागवद गीता

Chapter 17 : Shraddha Traya Vibhaga Yoga – अध्याय १७: श्रद्धात्रयविभागयोग

अर्जुन उवाच: ये शास्त्रविधिमुत्सृज्य यजन्ते श्रद्धयान्विताः । तेषां निष्ठा तु का कृष्ण सत्त्वमाहो रजस्तमः ।। अर्जुन बोले- हे कृष्ण ! जो मनुष्य शास्त्रविधिको त्यागकर श्रद्धासे युक्त हुए देवादिका पूजन करते…

20 Feb 2025147
Chapter 16 : Daivasura Sampad Vibhaga Yoga – अध्याय १६: दैवासुरसम्पद्विभागयोग
भागवद गीता

Chapter 16 : Daivasura Sampad Vibhaga Yoga – अध्याय १६: दैवासुरसम्पद्विभागयोग

श्रीभगवानुवाच: अभयं सत्त्वसंशुद्धिर्ज्ञानयोगव्यवस्थितिः । दानं दमश्च यज्ञश्च स्वाध्यायस्तप आर्जवम् ॥ श्रीभगवान् बोले- भयका सर्वथा अभाव, अन्तःकरणकी पूर्ण निर्मलता, तत्त्वज्ञानके लिये ध्यानयोगमें निरन्तर दृढ़ स्थिति और सात्त्विक दान, इन्द्रियोंका दमन, भगवान्,…

18 Feb 2025130