टैग

#अध्याय

459 लेख

राधा कृष्ण प्रेम कथा
कथाएँ

राधा कृष्ण प्रेम कथा – अध्याय 3: राधा का पहला दर्शन

राधा कृष्ण प्रेम कथा का अध्याय 3 — राधा का पहला दर्शन। कृष्ण और राधा की पहली मुलाकात गोकुल के वनों में होती है, जहाँ राधा कृष्ण के अद्भुत रूप से मोहित हो जाती हैं।

12 Apr 2026171
कुरुक्षेत्र युद्ध कथा
कथाएँ

कुरुक्षेत्र युद्ध कथा – अध्याय 1: युद्ध के बादल

कुरुक्षेत्र युद्ध कथा का अध्याय 1 — युद्ध के बादल। कुरुक्षेत्र युद्ध की पृष्ठभूमि और पात्रों का परिचय दिया जाता है, जिसमें कौरवों और पांडवों के बीच बढ़ते हुए मतभेद शामिल हैं।

12 Apr 2026127
समुद्र मंथन कथा
कथाएँ

समुद्र मंथन कथा – अध्याय 7: रत्नों का प्रकटीकरण

समुद्र मंथन कथा का अध्याय 7 — रत्नों का प्रकटीकरण। समुद्र मंथन से अनेक दिव्य रत्न और वस्तुएं प्रकट होती है, जैसे कामधेनु, उच्चैश्रवा और ऐरावत।

12 Apr 2026135
प्रह्लाद और हिरण्यकशिपु
कथाएँ

प्रह्लाद और हिरण्यकशिपु – अध्याय 1: हिरण्यकशिपु: वरदान और क्रोध

प्रह्लाद और हिरण्यकशिपु का अध्याय 1 — हिरण्यकशिपु: वरदान और क्रोध। हिरण्यकशिपु, तपस्या से अमरता का वरदान पाकर तीनों लोकों पर अत्याचार करना शुरू कर देता है।

12 Apr 2026158
शिव पार्वती विवाह कथा
कथाएँ

शिव पार्वती विवाह कथा – अध्याय 2: तारकासुर का आतंक और भविष्यवाणी

शिव पार्वती विवाह कथा का अध्याय 2 — तारकासुर का आतंक और भविष्यवाणी। तारकासुर के अत्याचार से तीनों लोक त्रस्त हैं और देवताओं को यह भविष्यवाणी पता चलती है कि शिव पुत्र ही उसे मार सकता है।

12 Apr 2026152
राधा कृष्ण प्रेम कथा
कथाएँ

राधा कृष्ण प्रेम कथा – अध्याय 2: गोकुल में बाल लीला

राधा कृष्ण प्रेम कथा का अध्याय 2 — गोकुल में बाल लीला। नंद और यशोदा के घर में कृष्ण का बचपन गोकुल में बीतता है, जहाँ वे अपनी अद्भुत लीलाओं से सबका मन मोह लेते हैं।

12 Apr 2026214
शिव पार्वती विवाह कथा
कथाएँ

शिव पार्वती विवाह कथा – अध्याय 1: सती का बलिदान और शोक

शिव पार्वती विवाह कथा का अध्याय 1 — सती का बलिदान और शोक। सती अपने पिता के अनादर से आहत होकर अग्नि में समाहित हो जाती हैं, जिससे शिव गहरे शोक में डूब जाते हैं।

12 Apr 2026198
राधा कृष्ण प्रेम कथा
कथाएँ

राधा कृष्ण प्रेम कथा – अध्याय 1: कृष्ण का दिव्य जन्म

राधा कृष्ण प्रेम कथा का अध्याय 1 — कृष्ण का दिव्य जन्म। इस अध्याय में, कंस के अत्याचारों से पीड़ित पृथ्वी माँ की प्रार्थना पर भगवान विष्णु कृष्ण रूप में जन्म लेते हैं, जो कारागार में देवकी और वासुदेव से प्रकट होते हैं।

12 Apr 2026148