4 अगस्त 2026 का शुभ मुहूर्त | ब्रह्म मुहूर्त, अभिजित और राहु काल - Tilak Kathayein

4 अगस्त 2026 का शुभ मुहूर्त

षष्ठी | कृष्ण पक्ष | श्रावण

🌙
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शुभ मुहूर्त4 अगस्त 2026

🌅
ब्रह्म मुहूर्त04:22 AM – 05:10 AM

ध्यान, पूजा और अध्ययन के लिए सर्वश्रेष्ठ समय

☀️
अभिजित मुहूर्त12:07 PM – 12:59 PM

दिन का सबसे शुभ मुहूर्त — हर शुभ कार्य के लिए उत्तम

🏆
विजय मुहूर्त01:52 PM – 02:44 PM

विजय और सफलता प्राप्ति के लिए शुभ

🌇
गोधूलि मुहूर्त06:56 PM – 07:20 PM

संध्या पूजा और मांगलिक कार्यों के लिए शुभ

🌙
निशीथ मुहूर्त12:09 AM – 12:57 AM

तंत्र-मंत्र और विशेष साधना के लिए

⚠️ अशुभ काल

⚠️
राहु काल03:50 PM – 05:28 PM

इस समय शुभ कार्य न करें

यमगण्ड09:15 AM – 10:53 AM

अशुभ काल — महत्वपूर्ण कार्य टालें


📖 शुभ मुहूर्त — सही समय पर सही कार्य

शुभ मुहूर्त वह समय-काल है जब ग्रहों की स्थिति, तिथि, नक्षत्र और योग मिलकर अनुकूल वातावरण बनाते हैं। हिंदू ज्योतिष के अनुसार सही समय पर किया गया कार्य अधिक सफल होता है।

प्रमुख शुभ मुहूर्त हैं — ब्रह्म मुहूर्त (ध्यान के लिए), अभिजित (सर्वकार्य), गोधूलि (विवाह)। अशुभ काल में राहु काल और यमगंड आते हैं। आज मंगलवार को इनका सटीक समय ऊपर दिखाया गया है।

✨ प्रमुख मुहूर्त और उनका महत्व

🌅
ब्रह्म मुहूर्तशुभसूर्योदय से ~1.5 घंटे पहले

ध्यान, योग, वेद-पाठ के लिए सर्वोत्तम। इस समय उठना स्वास्थ्य और बुद्धि दोनों के लिए लाभकारी है।

☀️
अभिजित मुहूर्तशुभदोपहर ~48 मिनट

सभी कार्यों के लिए श्रेष्ठ। कोई भी शुभ कार्य इस मुहूर्त में सफलतापूर्वक किया जा सकता है।

🏆
विजय मुहूर्तशुभदोपहर बाद

प्रतिस्पर्धा, कोर्ट-कचहरी और महत्वपूर्ण बैठकों के लिए उत्तम।

🌇
गोधूलि मुहूर्तशुभसूर्यास्त के समय ~24 मिनट

विवाह और गृहप्रवेश के लिए अत्यंत शुभ। गाय-बैलों की धूल पवित्र मानी जाती है।

🌙
निशिथ मुहूर्तशुभमध्यरात्रि

शिव पूजा और विशेष साधनाओं के लिए उत्तम। सामान्य शुभ कार्यों के लिए नहीं।

⚠️
राहु कालअशुभवार अनुसार ~1.5 घंटे

राहु ग्रह का काल — अशुभ। नया कार्य, विवाह, यात्रा और महत्वपूर्ण निर्णय न लें।

🔴
यमगंडअशुभवार अनुसार ~1.5 घंटे

यम का काल — अशुभ। यात्रा, व्यापार और शुभ कार्यों के लिए वर्जित।

❓ शुभ मुहूर्त से जुड़े प्रश्न