ડોશી-ડોસો મંદિર જાય | ગુજરાતી ભજન Lyrics, કીર્તન અને સંપૂર્ણ પાઠ - Tilak Kathayein
भजन

ડોશી-ડોસો મંદિર જાય | Traditional Gujarati Bhajan Lyrics

Tilak Kathayein10 Jul 20263 views📖 1 min read
गुजराती के लोकप्रिय भजन 'दोशी-दोसो मंदिर जाए' के ​​पूरे बोल पढ़ें। भजन के अर्थ, पारंपरिक कीर्तन और आसान गुजराती टेक्स्ट के साथ भक्ति गीतों का आनंद लें।

डोशी-डोसो मंदिर जाए, चुटकी भर चावल लेकर जाए।
पास में एक भी पैसा नहीं रखा, डोशी कहे बाबा बड़ी मुसीबत हो गई।
डोसो कहे डोशी घबराना नहीं।

चलो हम बड़े बेटे के घर चलें।
बड़ा बेटा कहे, आप मेरे साथ नहीं रह सकते।
मेरा बंगला छोटा है।
हमारे यहाँ खाट भी नहीं समा पाएगी।
रोज़ की तंगी निभ नहीं पाएगी।
डोशी कहे बाबा बड़ी मुसीबत हो गई।
डोसो कहे डोशी घबराना नहीं।

चलो हम मंझले बेटे के घर चलें।
मंझला बेटा कहे, आप मेरे साथ नहीं रह सकते।
मेरी पत्नी और आपके साथ निभ नहीं पाएगी।
रोज़-रोज़ के झगड़े सहन नहीं होंगे।
डोशी कहे बाबा बड़ी मुसीबत हो गई।
डोसो कहे डोशी घबराना नहीं।

चलो हम छोटे बेटे के घर चलें।
छोटा बेटा कहे, आप मेरे साथ नहीं रह सकते।
मेरे बच्चे पढ़ाई करते हैं।
आपका शोर-शराबा सहन नहीं होगा।
डोशी कहे बाबा बड़ी मुसीबत हो गई।
डोसो कहे डोशी घबराना नहीं।

चलो हम बेटी के घर चलें।
बेटी कहे, आप मेरे साथ नहीं रह सकते।
दामाद कहे, आप मेरे साथ नहीं रह सकते।
आपके पास धन भी नहीं है।
बेटी के घर का भोजन नहीं करना चाहिए।
डोशी कहे बाबा बड़ी मुसीबत हो गई।
डोसो कहे डोशी घबराना नहीं।

चलो हम डाकोर धाम चलें।
वहाँ कढ़ी और खिचड़ी खाएँगे।
कढ़ी और खिचड़ी भी समाप्त हो गई।
तभी डोशी-डोसो के लिए विमान आ गया।
डोशी-डोसो तो वैकुण्ठ धाम चले गए।
और बारहवें संस्कार के पैसे भी बच गए।

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