
रामचरितमानस – अध्याय 6: लंकाकाण्ड: युद्ध और विजय
रामचरितमानस का अध्याय 6 — लंकाकाण्ड: युद्ध और विजय। यह काण्ड राम और रावण के बीच युद्ध, रावण के वध और सीता की अग्नि परीक्षा का वर्णन करता है।

रामचरितमानस का अध्याय 6 — लंकाकाण्ड: युद्ध और विजय। यह काण्ड राम और रावण के बीच युद्ध, रावण के वध और सीता की अग्नि परीक्षा का वर्णन करता है।

शिव पुराण का अध्याय 4 — शिव की शक्तियों की कथाएँ। यह अध्याय शिव की विभिन्न शक्तियों और उनके अद्भुत कार्यों से संबंधित कहानियों का वर्णन करता है।

रामायण का अध्याय 7 — अयोध्या वापसी एवं शासन। राम, सीता और लक्ष्मण अयोध्या लौटते हैं जहाँ उनका भव्य स्वागत होता है और राम एक आदर्श राजा बनते हैं।

देवी भागवत पुराण का अध्याय 3 — महिषासुर का अंत। देवी दुर्गा अंततः महिषासुर का वध करती हैं, जिससे स्वर्ग और पृथ्वी पर शांति स्थापित होती है।

श्रीमद भागवत पुराण का अध्याय 9 — मुक्ति और विष्णु की कृपा। यह अध्याय भगवान विष्णु की भक्ति से मोक्ष प्राप्त करने, उनकी कृपा का महत्व, और भागवत पुराण के श्रवण का फल बताता है।

रामचरितमानस का अध्याय 5 — सुन्दरकाण्ड: हनुमान की यात्रा। यह काण्ड हनुमान की लंका यात्रा, सीता से भेंट और लंका दहन का वर्णन करता है।

शिव पुराण का अध्याय 3 — पार्वती और शिव का विवाह। यह अध्याय पार्वती की घोर तपस्या और शिव के साथ उनके विवाह की दिव्य कथा का वर्णन करता है।

रामायण का अध्याय 6 — लंका का युद्ध। राम और रावण के बीच भयंकर युद्ध होता है, जिसमें रावण का वध होता है और सीता मुक्त होती हैं।

देवी भागवत पुराण का अध्याय 2 — महिषासुर के साथ युद्ध। देवी दुर्गा और महिषासुर के बीच घोर युद्ध होता है, जिसमें देवी विभिन्न रूपों में असुरों का संहार करती हैं।

श्रीमद भागवत पुराण का अध्याय 8 — अन्य अवतार और विष्णु की महिमा। विष्णु के अन्य अवतारों का वर्णन, जैसे परशुराम और बुद्ध, और उनकी महिमा का गान किया गया है।

रामचरितमानस का अध्याय 4 — किष्किन्धाकाण्ड: वानर गठबंधन। यह काण्ड राम और हनुमान की भेंट, सुग्रीव की मित्रता और बाली के वध की कथा कहता है।

शिव पुराण का अध्याय 2 — सती का बलिदान और पुनर्जन्म। यह अध्याय सती के दक्ष प्रजापति के यज्ञ कुण्ड में आत्मदाह करने और पार्वती के रूप में पुनर्जन्म लेने की कथा कहता है।